री उई ग्योंग ने गत चैंपियन को अंतिम चार में पहुंचाया
उत्तर कोरिया ने 1 नवंबर, 2026 को मोरक्को के साले में अमेरिका को 3-0 से हराकर लगातार तीसरी फीफा अंडर-17 महिला विश्व कप खिताबी जीत से दो कदम की दूरी पर जगह बना ली। री उई ग्योंग ने दो गोल किए और गत चैंपियन ने उस टीम को बड़े अंतर से हराया, जिसने टूर्नामेंट में रिकॉर्ड 27 गोल करने के बाद क्वार्टर फाइनल में प्रवेश किया था।
विषय-सूची
- री उई ग्योंग ने गत चैंपियन को अंतिम चार में पहुंचाया
- सॉन्डर्स ने शुरुआती दौर में अमेरिका को बराबरी पर रखा
- उत्तर कोरिया ने तीन गोल की बढ़त कैसे बनाई
- आंकड़े बताते हैं कि दोनों छोर पर उत्तर कोरिया का दबदबा रहा
- ग्रुप चरण के झटके के बाद भी नॉकआउट में लंबा सिलसिला बरकरार
- जापान का सामना परिचित प्रतिद्वंद्वी से, लेकिन उसका रक्षात्मक रिकॉर्ड बेहतर
- डिमारिया और अमेरिका ने स्कोरिंग रिकॉर्ड के साथ विदाई ली
- ब्राजील और नाइजीरिया ने सेमीफाइनल में जगह बनाई
- मोरक्को में सालाना प्रतियोगिता के बीच यूरोप की टीमें बाहर
- मुख्य बातें
मोहम्मद VI फुटबॉल कॉम्प्लेक्स फील्ड 2 में खेले गए मैच को 166 दर्शकों ने देखा। आंकड़ों में बड़ा अंतर रहा: उत्तर कोरिया ने अमेरिका के पांच के मुकाबले 33 शॉट लगाए और निशाने पर 12 शॉट दागे, जबकि अमेरिका का केवल एक शॉट निशाने पर रहा। अमेरिकी गोलकीपर एवेलिना सॉन्डर्स, 15, ने पेनल्टी बचाने के साथ नौ बचाव किए और 30वें मिनट तक स्कोर बराबर रखा।
री उई ग्योंग ने पहला गोल किया और 56वें मिनट में तीसरा गोल भी जोड़ा। हाफटाइम से ठीक पहले री ये रिम ने गोल किया। यूएस सॉकर की आधिकारिक मैच रिपोर्ट में दूसरा गोल 45+4वें मिनट में दर्ज है, जबकि उसके साथ दिए गए गोल के विवरण में समय 45+3वां मिनट बताया गया है। दोनों के मुताबिक गोल पहले हाफ के इंजरी टाइम में हुआ।
उत्तर कोरिया, जिसे अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में कोरिया डीपीआर के नाम से जाना जाता है, अब 4 नवंबर को स्थानीय समयानुसार और प्योंगयांग में 5 नवंबर को जापान से भिड़ेगा। जापान ने घाना को 1-0 से हराकर सेमीफाइनल में जगह बनाई। दूसरे सेमीफाइनल में ब्राजील और नाइजीरिया आमने-सामने होंगे।
इस नतीजे में दो अलग-अलग कहानियां सामने आईं। उत्तर कोरिया ने नॉकआउट फुटबॉल में अपनी कामयाबी का लंबा सिलसिला आगे बढ़ाया, जबकि अमेरिका ने व्यक्तिगत और टीम स्कोरिंग रिकॉर्ड के साथ टूर्नामेंट को अलविदा कहा। चैंपियन टीम ने नाइजीरिया से ग्रुप चरण में मिली 3-1 की हार के बाद वापसी भी जारी रखी। उस नतीजे ने बाकी टीमों को दिखा दिया था कि उत्तर कोरिया को हराया जा सकता है।
सॉन्डर्स ने शुरुआती दौर में अमेरिका को बराबरी पर रखा
सॉन्डर्स को मैच शुरू होने के लगभग तुरंत बाद से लगातार दबाव का सामना करना पड़ा। 17वें मिनट में उन्होंने उत्तर कोरियाई फॉरवर्ड यू जोंग ह्यांग के करीबी हेडर पर लगातार दो बचाव किए। तीन मिनट बाद उन्हें इससे भी बड़ी चुनौती का सामना करना पड़ा।
वीडियो सपोर्ट सिस्टम की समीक्षा के बाद उत्तर कोरिया को पेनल्टी मिली। इस प्रणाली के तहत अधिकारी किसी घटना का आकलन करते समय वीडियो देख सकते हैं। यू ने पेनल्टी ली, लेकिन सॉन्डर्स ने दाईं ओर डाइव लगाकर गेंद को रोक दिया।
इस बचाव से अगले 10 मिनट तक स्कोर गोलरहित रहा। उत्तर कोरिया के बढ़त लेने के बाद भी सॉन्डर्स ने बचाव जारी रखे। 61वें मिनट में उन्होंने छलांग लगाकर वॉली को क्रॉसबार के ऊपर मोड़ दिया।
उनके नौ बचावों में उत्तर कोरिया के वे सभी निशाने पर लगे शॉट शामिल थे जो गोल नहीं बने। सॉन्डर्स अगली प्रतियोगिता में खेलने की पात्रता रखने के लिए काफी युवा हैं। इससे अमेरिका को ऐसा गोलकीपर मिलेगा जिसे प्रतियोगिता की सबसे सफल टीम का सामना करने का अनुभव है।
उत्तर कोरिया ने तीन गोल की बढ़त कैसे बनाई
उत्तर कोरिया के पहले दो गोल अमेरिकी पास रोककर हासिल की गई गेंद से बने। टीम ने गेंद पर कब्जा मिलते ही तेजी से आक्रमण किया और अमेरिकी रक्षा पंक्ति को अपनी जगह जमाने का मौका मिलने से पहले ही गेंद आगे पहुंचा दी।
किम वोन सिम ने शुरुआती गोल के लिए री उई ग्योंग को पास दिया। री ने पेनल्टी क्षेत्र के पास गेंद को कुछ बार छुआ और फिर सॉन्डर्स को छकाते हुए नीचा शॉट लगाया। हाफटाइम से पहले यू ने गेंद बॉक्स में री ये रिम के पास पहुंचाई। री ने डिफेंडर को पीछे छोड़ा और गोलकीपर की उंगलियां गेंद तक पहुंचने के बावजूद गोल कर दिया।
- 17वां मिनट: सॉन्डर्स ने यू जोंग ह्यांग के हेडर पर लगातार दो बचाव किए।
- 20वां मिनट: वीडियो समीक्षा के बाद सॉन्डर्स ने यू की पेनल्टी रोकी।
- 30वां मिनट: री उई ग्योंग ने उत्तर कोरिया का पहला गोल किया।
- पहले हाफ का इंजरी टाइम: री ये रिम ने बढ़त दोगुनी की।
- 56वां मिनट: री उई ग्योंग ने सोन वोन योंग के पास को गोल में बदलकर अपना दूसरा गोल किया।
- 82वां मिनट: किम सोन ग्योंग ने मैडी डिमारिया के देर से मिले सबसे अच्छे मौके को रोका।
- 4 नवंबर: उत्तर कोरिया का सेमीफाइनल में जापान से मुकाबला तय था।
तीसरा गोल दाईं ओर से आया। थ्रो-इन से मिली गेंद को सोन वोन योंग ने आगे बढ़ाया और गोल की ओर बढ़ते हुए पेनल्टी स्पॉट की तरफ पास दिया। री उई ग्योंग ने गेंद को रोकने के लिए एक स्पर्श किए बिना शॉट लगाया और उसे ऊपरी दाएं कोने में पहुंचा दिया। इस दोहरे गोल के साथ टूर्नामेंट में उनके कुल गोलों की संख्या पांच हो गई।
आंकड़े बताते हैं कि दोनों छोर पर उत्तर कोरिया का दबदबा रहा
उत्तर कोरिया के 33 शॉट अमेरिका के पांच शॉट से छह गुना से भी अधिक थे। निशाने पर उसके 12 शॉट अमेरिका के कुल शॉट से 12 गुना थे, जबकि कॉर्नर के मामले में उत्तर कोरिया के 12 के मुकाबले अमेरिका के तीन रहे।
यूएस सॉकर ने उत्तर कोरिया के अपेक्षित गोलों की संख्या 2.75 दर्ज की। अपेक्षित गोलों का आंकड़ा इस बात का अनुमान लगाता है कि हर शॉट के गोल बनने की कितनी संभावना है। मुश्किल कोणों से कई शॉट लगाने पर कुल आंकड़ा, गोल के पास से मिले कुछ स्पष्ट मौकों की तुलना में कम हो सकता है। इस मैच में उत्तर कोरिया के तीन गोल इस अनुमान के करीब थे।
उत्तर कोरिया ने टूर्नामेंट की शीर्ष स्कोरर मैडी डिमारिया को भी सीमित रखा। आक्रमण के क्षेत्र में पहुंचने पर उसके खिलाड़ी डिमारिया को दो या तीन खिलाड़ियों से घेर लेते थे। पहले हाफ में उनका एक शॉट बहुत कम अंतर से बाहर गया। फिर 82वें मिनट में वह दाईं ओर से आगे निकलीं, लेकिन गोलकीपर किम सोन ग्योंग ने करीब से लगाए उनके शॉट को रोक दिया।
कोच जी युन नाम ने अंतिम 16 के मैच वाली शुरुआती एकादश को बरकरार रखा। अमेरिकी कोच सियारा क्रिनियन ने स्पेन पर जीत के मुकाबले एक बदलाव किया। उन्होंने कैरोलिना रेयना को फॉरवर्ड पंक्ति में शामिल किया और डिमारिया को सेंटर फॉरवर्ड की भूमिका दी। अमेरिकी टीम की एकमात्र पेशेवर खिलाड़ी मीला ब्रेवर ने सेंटर डिफेंस से टीम की कप्तानी की।
ग्रुप चरण के झटके के बाद भी नॉकआउट में लंबा सिलसिला बरकरार
उत्तर कोरिया चार बार अंडर-17 महिला विश्व कप जीत चुका है, जिसमें 2024 और 2025 के संस्करण शामिल हैं। फीफा के टूर्नामेंट आकलन के मुताबिक, अमेरिका पर जीत के साथ नॉकआउट मैचों में निर्धारित समय के भीतर अपराजित रहने का उसका सिलसिला 15 मैचों तक पहुंच गया।
यह सिलसिला 2010 में तीसरे स्थान के मैच में स्पेन से 1-0 की हार के बाद शुरू हुआ था। निर्धारित समय का मतलब 90 मिनट और इंजरी टाइम है। इस रिकॉर्ड का उल्लेख करते समय अतिरिक्त समय या पेनल्टी शूटआउट में तय नतीजों को अलग गिना जाता है।
मोरक्को में ग्रुप चरण के दौरान नाइजीरिया ने उत्तर कोरिया को पहले ही 3-1 से हराकर फाइनल मुकाबलों में निर्धारित समय के भीतर उसकी लगभग आठ साल की अपराजित अवधि खत्म कर दी थी। इसके बाद उत्तर कोरिया ने अंतिम 16 में मेजबान मोरक्को को 6-0 से हराया और फिर अमेरिका को बिना कोई गोल दिए बाहर कर दिया।
गोल करने की ताकत सिर्फ री उई ग्योंग तक सीमित नहीं है। यू जोंग ह्यांग ने 2025 के संस्करण में आठ गोल किए थे और 2026 में सात गोल और जोड़े। इस तरह इन दोनों टूर्नामेंटों में उनके कुल गोल 15 हो गए। उत्तर कोरिया की छह खिलाड़ियों ने दोनों संस्करणों में मिलकर 43 गोल किए, जो दिखाता है कि टीम की कई खिलाड़ी टूर्नामेंट का अनुभव लेकर लौटी हैं।
जापान का सामना परिचित प्रतिद्वंद्वी से, लेकिन उसका रक्षात्मक रिकॉर्ड बेहतर
पांच मैचों में 13 गोल करने और केवल एक गोल खाने के बाद जापान सेमीफाइनल में उतरेगा। उसने ग्रुप के तीनों मैच बिना कोई गोल खाए जीते, अंतिम 16 में केन्या को 3-1 से हराया और क्वार्टर फाइनल में घाना को 1-0 से शिकस्त दी।
मिडफील्डर नानामी कुरिता ने घाना के खिलाफ विजयी गोल किया और टूर्नामेंट में अपने गोलों की संख्या चार कर ली। 2014 का चैंपियन जापान 2016 के बाद पहली बार सेमीफाइनल में पहुंचा है। इससे पहले वह लगातार चार बार क्वार्टर फाइनल से बाहर हुआ था।
हाल के मुकाबलों में उत्तर कोरिया का पलड़ा भारी रहा है। फीफा के सेमीफाइनल पूर्वावलोकन के मुताबिक, यह मुकाबला 2026 एएफसी अंडर-17 महिला एशियाई कप फाइनल की दोबारा भिड़ंत है। उस फाइनल में उत्तर कोरिया ने 5-1 से जीतकर अपना पांचवां महाद्वीपीय खिताब जीता था। उत्तर कोरिया ने 2025 विश्व कप के क्वार्टर फाइनल में भी जापान को बाहर किया था।
जापान के कोच सदायोशी शिराई ने कहा कि इस साल उनकी टीम को पहले ही हरा चुकी प्रतिद्वंद्वी के खिलाफ गेंद पर नियंत्रण बेहतर करना होगा।
हम एशियाई कप में उनसे हार गए थे, इसलिए अगर हमें उन्हें हराना है तो हमें गेंद पर बेहतर नियंत्रण रखते हुए गोल की ओर आगे बढ़ना होगा।
उत्तर कोरिया के कोच जी युन नाम का ध्यान अगले मैच और उस खिताब पर था जिसका उनकी टीम बचाव कर रही है।
हमारे लिए हमारे सभी खिलाड़ी अहम हैं। अब हमारा ध्यान जापान को हराकर विश्व कप जीतने के अंतिम लक्ष्य को हासिल करने पर है।
डिमारिया और अमेरिका ने स्कोरिंग रिकॉर्ड के साथ विदाई ली
डिमारिया ने टूर्नामेंट में 12 गोल किए, जो एक अंडर-17 महिला विश्व कप में किसी खिलाड़ी का रिकॉर्ड है। यह आंकड़ा 1991 महिला विश्व कप में अमेरिका की सीनियर टीम के लिए मिशेल एकर्स के बनाए गोल से दो ज्यादा है और फीफा महिला विश्व कप के सभी आयु वर्गों में नया अमेरिकी रिकॉर्ड है।
पिछले संस्करण में किए गए उनके एक गोल को जोड़ने पर अंडर-17 विश्व कप में उनके कुल गोल 13 हो गए। अमेरिकी अंडर-17 टीम के लिए अपने सभी मैचों में डिमारिया ने 23 मुकाबलों में 24 गोल किए और इस स्तर पर सनशाइन फोंटेस के राष्ट्रीय रिकॉर्ड की बराबरी की। इनमें से 23 गोल उन्होंने 2026 में किए।
अमेरिकी टीम के 27 गोल भी टूर्नामेंट के किसी एक संस्करण का रिकॉर्ड बने। इनमें से 17 गोल समोआ पर ग्रुप चरण की 17-0 की जीत में आए। इसका मतलब है कि टीम के कुल गोलों के लगभग दो-तिहाई गोल उसी मैच में हुए। उत्तर कोरिया के खिलाफ उसका आक्रमण केवल एक शॉट निशाने पर लगा सका।
अमेरिका की मुख्य कोच क्रिनियन ने उत्तर कोरिया के बेहतरीन खेल की सराहना की और अपनी खिलाड़ियों से कहा कि वे बाहर होने की निराशा से आगे देखें।
यह मुश्किल मैच था," उन्होंने फीफा से कहा। "विश्व कप के क्वार्टर फाइनल में खेलने पर दांव पर सब कुछ लगा होता है। ऐसे मैचों में या तो बेहद खुशी मिलती है या गहरी निराशा।
क्रिनियन ने यह भी कहा कि इस अनुभव से युवा टीम को अपने करियर के अगले पड़ावों की तैयारी में मदद मिलेगी। उत्तर कोरिया से भिड़ने से पहले अमेरिकी टीम ने अपने अभियान में ओशिनिया, अफ्रीका, एशिया और यूरोप की टीमों का सामना किया था।
ब्राजील और नाइजीरिया ने सेमीफाइनल में जगह बनाई
अंतिम चार तक नाइजीरिया का सफर पोलैंड से 2-1 की हार के साथ शुरू हुआ। उसने वापसी करते हुए प्यूर्टो रिको को 2-0 और उत्तर कोरिया को 3-1 से हराया। फिर मैक्सिको को बाहर किया और 89वें मिनट में अजीजत ओडुन्टन की पेनल्टी की बदौलत क्वार्टर फाइनल में वेनेजुएला पर 1-0 की जीत हासिल की।
इस सफर के दौरान गोलकीपर जेन इजिरिघो ने 16 बचाव किए। उत्तर कोरिया पर नाइजीरिया की जीत का यह भी मतलब है कि अगर दोनों टीमें अपने सेमीफाइनल जीतती हैं, तो ग्रुप बी की दोनों टीमें फाइनल में फिर आमने-सामने हो सकती हैं।
पीछे होने के बाद वापसी करके चीन को 2-1 से हराने के बाद ब्राजील लगातार दूसरे संस्करण में अंतिम चार में पहुंचा। ग्रेइस केली ने बराबरी का गोल किया और तीन गोल तथा पांच असिस्ट के साथ सेमीफाइनल में पहुंचीं। गोल या असिस्ट के रूप में उनके आठ सीधे योगदान ने उन्हें ब्राजील के आक्रमण का अहम हिस्सा बना दिया है।
ब्राजील की गोलकीपर नाथी को उत्तर कोरिया की किम सोन ग्योंग से अधिक काम करना पड़ा है। नाथी ने 27 बचाव किए और एक मैच में बिना गोल खाए रही, जबकि किम ने पांच बचाव किए और तीन मैचों में बिना गोल खाए रही। क्लीन शीट का मतलब है कि मैच में कोई गोल न खाना। ये आंकड़े एक ही पड़ाव तक पहुंचने के दो अलग रास्ते दिखाते हैं: ब्राजील को बार-बार गोलकीपर के बचाव की जरूरत पड़ी, जबकि उत्तर कोरिया ने ऐसे कम शॉट झेले जिन्हें बचाने की जरूरत थी।
मोरक्को में सालाना प्रतियोगिता के बीच यूरोप की टीमें बाहर
कोई भी यूरोपीय टीम क्वार्टर फाइनल तक नहीं पहुंची। जर्मनी अंतिम 16 में वेनेजुएला से हार गया, फ्रांस पेनल्टी शूटआउट में चीन से बाहर हुआ, पोलैंड ब्राजील से हारा और स्पेन को अमेरिका ने बाहर कर दिया। नॉर्वे ग्रुप चरण में ही बाहर हो चुका था।
इस तरह सेमीफाइनल में एशिया की दो, अफ्रीका की एक और दक्षिण अमेरिका की एक टीम है। उत्तर कोरिया और जापान के पास पहले के खिताब हैं, जबकि नाइजीरिया और ब्राजील अपने पिछले सेमीफाइनल नतीजों से आगे बढ़ने की कोशिश करेंगे।
24 टीमों के विस्तारित सालाना प्रारूप के तहत मोरक्को दूसरी बार टूर्नामेंट की मेजबानी कर रहा है। देश को 2025 से 2029 तक लगातार पांच संस्करणों की मेजबानी करनी है। सालाना टूर्नामेंट से पात्र खिलाड़ियों को जल्द वापसी का मौका भी मिलता है: उत्तर कोरिया की टीम में ऐसी खिलाड़ी हैं जो लगातार संस्करणों में योगदान दे रही हैं, जबकि सॉन्डर्स अगले साल अमेरिका के लिए फिर खेल सकती हैं।
अब सबका ध्यान 4 नवंबर पर है, जब दोनों सेमीफाइनल के नतीजों से फाइनल में पहुंचने वाली टीमें तय होंगी। उत्तर कोरिया के सामने अमेरिका के खिलाफ दिखाए गए दबदबे को जापान के साथ मुकाबले में भी बरकरार रखने की चुनौती है। जापान ने पूरे टूर्नामेंट में केवल एक गोल खाया है।
मुख्य बातें
- उत्तर कोरिया ने 1 नवंबर को साले में अमेरिका को 3-0 से हराया। री उई ग्योंग ने दो और री ये रिम ने एक गोल किया।
- एवेलिना सॉन्डर्स ने पेनल्टी बचाई और नौ बचाव किए। उत्तर कोरिया ने अमेरिका के पांच के मुकाबले 33 शॉट लगाए।
- उत्तर कोरिया का स्थानीय समयानुसार 4 नवंबर और प्योंगयांग में 5 नवंबर को जापान से मुकाबला होगा। दूसरे सेमीफाइनल में ब्राजील और नाइजीरिया भिड़ेंगे।
- गत चैंपियन 2024 और 2025 में जीत के बाद लगातार तीसरे खिताब की कोशिश में हैं।
- पांच मैचों में 13 गोल करने और केवल एक गोल खाने के बाद जापान अंतिम चार में पहुंचा।
- मैडी डिमारिया ने टूर्नामेंट रिकॉर्ड 12 गोल किए, जबकि अमेरिका ने टीम रिकॉर्ड 27 गोल किए।






