ओत्सु में रात के समय की तलाश
शिगा प्रांत के ओत्सु में आधी रात के बाद हार्ट नाम की लैब्राडोर रिट्रीवर पुलिस को एक लापता बुज़ुर्ग महिला तक ले गई। ओत्सु किता पुलिस स्टेशन ने बताया कि एक निवासी ने 28 जुलाई को रात करीब 8 बजे महिला के लापता होने की सूचना दी थी। शांत स्वभाव और थकान न मानने वाली सूंघने की क्षमता वाली 8 साल की मादा हार्ट ने महिला के तकिए के खोल से उसकी गंध पहचानने के बाद रात करीब 11 बजे काम शुरू किया। रात 12:45 बजे हार्ट के पीछे चल रहे एक पुलिस अधिकारी ने महिला को शहर की एक सड़क पर पाया। वह सुरक्षित मिलीं और उन्हें उनके परिवार के पास पहुंचा दिया गया।
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पुलिस ने जल्द ही इस टीम को सम्मानित किया। यूरोस्टार्स जेपी-गो की हार्ट, उसकी मालिक तोमोको तोबिता और उसके प्रशिक्षक तेस्सेई सुगिमोतो को प्रशंसा-पत्र दिए गए। पुलिस स्टेशन प्रमुख केइसुके यासुदा ने कहा कि देर रात और मुश्किल हालात में इतनी जल्दी महिला का मिल जाना तलाश में बड़ी मदद साबित हुआ। छोटे से समारोह में यासुदा ने हार्ट को हड्डी के आकार का एक स्नैक भी दिया। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि कुत्ते ने पूंछ हिलाई और फिर संतुष्ट भाव के साथ फर्श पर लेट गई।
स्टेशन के अनुसार, कुत्ते ने तकिए के खोल को गंध के नमूने के रूप में इस्तेमाल किया और फिर हवा में सूंघकर पता लगाया कि गंध कहां सबसे तेज़ है। इससे टीम तलाश का दायरा सीमित कर सकी। एक अधिकारी सुरक्षित दूरी से हैंडलर के साथ-साथ चला और कुत्ते की शारीरिक भाषा पर नज़र रखी। जब हार्ट ने रास्ता बदला, तो अधिकारी ने आसपास की सड़कों की जांच की और जल्द ही लापता महिला को पैदल जाते हुए देखा।
यह घटना इलाके में आपातकर्मियों के साथ मिलकर काम करने वाले कुत्तों की मदद से किए गए बचाव अभियानों की बढ़ती सूची में जुड़ गई है। 2022 में एक अलग घटना में फुकुसुके नाम के स्थानीय कुत्ते ने हिए पर्वतों में लापता एक पैदल यात्री तक बचावकर्मियों को पहुंचाया था। बाद में ओत्सु अग्निशमन विभाग और ओत्सु किता पुलिस स्टेशन, दोनों ने इस बचाव की सराहना की। इस घटना की जानकारी द असाही शिंबुन के अंग्रेज़ी संस्करण में दी गई थी और इसे यहां पढ़ा जा सकता है।
28 जुलाई को क्या हुआ
रात करीब 8 बजे एक निवासी ने पुलिस को बताया कि उनके साथ रहने वाली एक बुज़ुर्ग महिला घर नहीं लौटी हैं और उनका पता नहीं चल रहा है। अधिकारियों ने इलाके में पूछताछ की और तलाश का समन्वय किया। शुरुआती जांच में महिला का पता नहीं चलने के बाद प्रशिक्षित कुत्ते की मदद मांगी गई। रात करीब 11 बजे हार्ट अपने हैंडलर के साथ पहुंची और सही व्यक्ति की तलाश सुनिश्चित करने के लिए महिला के तकिए के खोल से गंध पहचानी।
हैंडलर अक्सर उन जगहों से तलाश शुरू करते हैं जहां लापता व्यक्ति को आखिरी बार देखा गया था। इसके बाद वे कुत्ते को हवा की दिशा में या संभावित पैदल रास्तों पर काम करने देते हैं। इस मामले में हार्ट ने पूरे मोहल्ले में फैले हल्के गंध-संकेतों का पीछा किया। कुत्ते ने हार्नेस पहन रखा था, जो काम शुरू होने का संकेत था। जब उसने एक सड़क पर और फिर दूसरी सड़क पर निर्णायक ढंग से खिंचाव दिखाया, तो टीम ने दिशा बदल ली। तलाश कर रही टीम के पीछे चल रहे एक पुलिस अधिकारी ने रात 12:45 बजे शहर की एक सड़क पर महिला को ढूंढ लिया।
महिला कई घंटों से लापता थीं और रात में तलाश करने पर अतिरिक्त जोखिम होते हैं। सड़कों पर रोशनी असमान हो सकती है, कम दृश्यता में यातायात चलता रहता है और तलाश करने वालों तथा लापता व्यक्ति, दोनों को थकान हो सकती है। कुत्ता किसी संभावित इलाके तक पहुंचने में लगने वाला समय घटा सकता है। यह किसी ऐसे बुज़ुर्ग के लिए खास तौर पर अहम हो सकता है जो भ्रमित हों या गिरने के जोखिम में हों।
हार्ट और उसकी टीम कौन हैं
यूरोस्टार्स जेपी-गो की हार्ट 8 साल की मादा लैब्राडोर रिट्रीवर है। उसकी निजी मालिक तोमोको तोबिता हैं और उसे तेस्सेई सुगिमोतो ने प्रशिक्षित किया है। पुलिस ने कुत्ते, मालिक और प्रशिक्षक, तीनों को औपचारिक प्रशंसा-पत्र देकर धन्यवाद दिया।
सुगिमोतो के अनुसार, आराम के समय हार्ट शांत रहती है। उसका हार्नेस लगते ही उसका मिज़ाज बदल जाता है। वह एकाग्र हो जाती है और लंबे समय तक ध्यान बनाए रखती है, जो घंटों चलने वाली तलाश में अहम है। शांत से सतर्क और फिर दोबारा शांत होने की उसकी क्षमता कामकाजी कुत्तों को थके बिना प्रभावी बने रहने में मदद करती है।
खोज और पहचान के कामों में लैब्राडोर रिट्रीवर सबसे अधिक दिखने वाली नस्लों में से एक है। सूंघने की तेज़ क्षमता, दमखम और मिलनसार स्वभाव का मेल उन्हें सार्वजनिक जगहों पर काम करने के लिए उपयुक्त बनाता है। कई कुत्तों में इंसानी साथी के साथ काम करने की प्रबल इच्छा भी होती है, जो सड़कों, पार्कों या जंगल से लगे इलाकों में जटिल तलाश के दौरान मददगार होती है।
जापान में कई खोजी कुत्ते ऐसे आम नागरिकों के साथ काम करते हैं, जो स्थानीय क्लबों या गैर-लाभकारी समूहों के ज़रिये उन्हें प्रशिक्षित करते हैं। तलाश का दायरा जल्दी बढ़ाने की ज़रूरत पड़ने पर पुलिस और अग्निशमन विभाग कभी-कभी इन टीमों को बुलाते हैं। हैंडलर कुत्तों की बारी तय करते हैं, उनके आराम का ध्यान रखते हैं और हवा तथा इलाके के बारे में विस्तृत नोट रखते हैं, ताकि अगली बार इलाके की जांच वहीं से शुरू हो जहां पिछली बार रुकी थी।
गंध के पीछे खोज कैसे काम करती है
हर व्यक्ति अपने पीछे गंध का एक अनोखा निशान छोड़ता है, जिसमें त्वचा की कोशिकाएं और अन्य सूक्ष्म कण शामिल होते हैं। कुत्ते गंध के उन बेहद हल्के अंशों को भी पहचान सकते हैं जिन्हें इंसान महसूस नहीं कर पाते। जब हैंडलर कुत्ते को तकिए का खोल या कमीज़ जैसी कोई चीज़ सूंघने देते हैं, तो कुत्ता लक्ष्य की गंध पहचानना और दूसरी गंधों को नज़रअंदाज़ करना सीखता है। इसे गंध-विभेदन कहते हैं।
खोजी कुत्ते अलग-अलग तरीकों से काम करते हैं। किसी व्यक्ति के पीछे गंध का निशान पकड़ने वाला कुत्ता उसके लिए गए रास्ते के करीब रह सकता है। हवा में गंध खोजने वाला कुत्ता नाक ऊपर उठाकर उस गंध को पकड़ने की कोशिश करता है जिसे हवा आगे की ओर ले जाती है। दोनों तरीकों के अपने फायदे हैं। गंध के निशान का पीछा करना शहर के तंग इलाकों में उपयोगी हो सकता है। हवा में गंध खोजना पार्कों या नदी किनारों जैसी बड़ी जगहों की जल्दी जांच में मददगार हो सकता है।
मौसम और आसपास की परिस्थितियां तलाश की दिशा तय करती हैं। गर्म हवा गंध को ज़मीन से ऊपर उठा सकती है, जबकि ठंडी हवा उसे निचले इलाकों में जमा कर सकती है। हवा गंध के फैलाव को मोड़ या तोड़ सकती है, जिससे गलत मोड़ या उलझाने वाले खाली हिस्से बनते हैं। घास या सूखे पत्तों की तुलना में शहर की कठोर सतहों पर गंध कम टिकती है। हैंडलर कुत्ते की चाल की रफ्तार और सिर की स्थिति में बदलाव देखकर तय करते हैं कि कब घेरे में तलाश करनी है, कब दायरा बढ़ाना है और कब आगे बढ़ना है।
इससे समझ आता है कि रात 11 बजे तलाश शुरू करने के बावजूद नतीजे कैसे मिले। सूर्यास्त के बाद रिहायशी इलाकों में यातायात आम तौर पर कम हो जाता है, हवा अक्सर शांत पड़ जाती है और ठंडी हवा गंध को ज़मीन के करीब बनाए रख सकती है। आसपास की दूसरी गंधें कम होने पर प्रशिक्षित कुत्ता लक्ष्य की गंध पर ध्यान केंद्रित कर सकता है और पुलिस को उस इलाके तक पहुंचा सकता है जिसकी बारीकी से जांच की जा सके।
लापता बुज़ुर्ग और समय की अहमियत
जापान की आबादी दुनिया की सबसे बुज़ुर्ग आबादियों में से एक है। देशभर की पुलिस को हर साल लापता लोगों की कई रिपोर्ट मिलती हैं और उनमें एक बड़ी संख्या डिमेंशिया से पीड़ित बुज़ुर्गों की होती है। कई लोगों का कुछ ही घंटों में पता चल जाता है, अक्सर परिवार, पड़ोसियों या गश्ती अधिकारियों की मदद से। जब तलाश रात तक जारी रहे या बड़े इलाके में करनी पड़े, तो कुत्तों की टीम समय बचा सकती है।
याददाश्त में गिरावट से जूझ रहे लोग परिचित जगहों से भटक सकते हैं, भूल सकते हैं कि वे कहां जा रहे हैं या अंधेरा होने के बाद भी चलते रह सकते हैं। व्यस्त सड़कों, जलमार्गों, खड़ी ढलानों या सर्दियों के मौसम में जोखिम बढ़ जाते हैं। तेज़ी से की गई तलाश गिरने, यातायात की चपेट में आने या मौसम के संपर्क में रहने से होने वाली चोटों को रोक सकती है।
शिगा प्रांत में बिवा झील, जंगली पहाड़ियां और उपनगरीय रिहायशी इलाके हैं। ऐसे मिले-जुले स्थानों पर कुत्ते उपयोगी होते हैं, क्योंकि गंध फुटपाथों से झाड़ियों तक या खुले मैदानों में फैल सकती है। कुत्ता इन जगहों की जांच पैदल चलने वाले लोगों की कतार से तेज़ी से कर सकता है।
ओत्सु में सामुदायिक बचाव अभियान
स्थानीय इतिहास इन साझेदारियों की उपयोगिता दिखाता है। दिसंबर 2021 के आखिर में हिए पर्वतमाला में एक व्यक्ति लापता हो गया था। तेत्सुरो उएदा नाम के एक निवासी अपने कुत्ते फुकुसुके के साथ तलाश में शामिल हुए और उन्हें दूर से सीटी की आवाज़ सुनाई दी। उएदा अपना फोन घर पर छोड़ आए थे। बाद में तलाश कर रहे लोगों को फुकुसुके मिला, जो उन्हें पैदल यात्री तक ले गया और फिर यह सुनिश्चित करने के लिए लौटकर आया कि लोग सही रास्ते पर हैं। बचाव के लिए ओत्सु अग्निशमन विभाग और ओत्सु किता पुलिस स्टेशन ने बाद में प्रशस्ति-पत्र दिए। इस घटना की खबर द असाही शिंबुन की अंग्रेज़ी वेबसाइट पर प्रकाशित हुई थी।
उस मामले में एक आम पालतू कुत्ते और इलाके की जानकारी रखने वाले पड़ोसी ने आधिकारिक बचाव दल की मदद की थी। मौजूदा मामले में एक प्रशिक्षित लैब्राडोर और उसके हैंडलर ने देर शाम पुलिस को तेजी से इलाके की तलाशी में मदद की। दोनों घटनाएं एक ही बात दिखाती हैं: जब हर मिनट अहम हो, तो कई लोगों की आंखें और कई कुत्तों की नाक मिलकर व्यक्ति को जल्दी ढूंढने में मदद कर सकती हैं।
पुलिस की ओर से औपचारिक धन्यवाद ऐसे समुदाय में मायने रखता है जहां निवासी और अधिकारी अक्सर मिलकर काम करते हैं। सम्मान मिलने से स्वयंसेवकों का उत्साह बना रहता है और अगली बार किसी के लापता होने पर वे मदद के लिए तैयार रहते हैं।
किसी के लापता होने पर परिवार क्या कर सकते हैं
जल्दी कार्रवाई करने से व्यक्ति के सुरक्षित लौटने की संभावना बढ़ती है। अगर परिवार का कोई सदस्य या पड़ोसी लापता हो जाए और उससे संपर्क न हो पा रहा हो, तो जापान में लापता व्यक्ति की सूचना देने के लिए 110 पर कॉल करें। आखिरी बार देखे जाने का समय, कपड़ों का विवरण, चिकित्सकीय ज़रूरतें और वे जगहें बताएं जहां उस व्यक्ति को जाना पसंद है। पुलिस को बताएं कि क्या आपके पास उस व्यक्ति की गंध वाली कोई चीज़ है, जैसे तकिए का खोल या गंदे कपड़ों की टोकरी में रखी कमीज़, जिसे कुत्ता सूंघ सकता है।
नीचे दिए गए कदम खोजी टीमों और सामुदायिक सुरक्षा कार्यक्रमों की आम सलाह पर आधारित हैं।
- गंध वाली चीज़ को साफ़ कागज़ के थैले या तकिए के खोल में रखें। नमी से बचने के लिए, संभव हो तो प्लास्टिक का इस्तेमाल न करें, क्योंकि नमी से गंधें आपस में मिल सकती हैं।
- सुरक्षित और आम तौर पर लिए जाने वाले रास्तों पर दोबारा जाएं और बेंच, बस स्टॉप, सुविधा स्टोर तथा परिचित पार्कों की जांच करें।
- पड़ोसियों और इमारत के प्रबंधकों को सूचित करें और पूछें कि क्या किसी कैमरे की रिकॉर्डिंग में व्यक्ति किस दिशा में गया, यह दिख सकता है।
- फोन चालू और उपलब्ध रखें तथा सुनिश्चित करें कि कोई घर पर रहे, ताकि व्यक्ति लौट आए तो उसे कोई मिल सके।
- हाल की एक तस्वीर साथ रखें और चलने के खास ढंग या पसंदीदा टोपी जैसी पहचानने योग्य विशेषताओं के बारे में नोट करें।
- बाहर की लाइटें जलाएं और संपत्ति के आसपास के शेड, सीढ़ियों तथा शांत कोनों की जांच करें।
- दवाओं और स्वास्थ्य संबंधी ज़रूरतों की सूची पुलिस को दें और गिरने के इतिहास जैसे जोखिमों की जानकारी दें।
- अगर कुत्तों की टीम आ रही हो, तो सुरक्षित रखी गई गंध वाली चीज़ को न छुएं, पालतू जानवरों को उससे दूर रखें और जिस कमरे से वह चीज़ ली गई थी, उसकी खिड़कियां बंद कर दें।
इन कदमों से गश्ती अधिकारी और कुत्तों की टीमें जल्दी सही जगहों और सही गंध पर ध्यान केंद्रित कर पाती हैं। इससे पुलिस को आसपास के जोखिमों, जैसे पानी वाली जगहों या व्यस्त चौराहों, की स्पष्ट जानकारी भी मिलती है।
सम्मान और सामुदायिक तैयारी
ओत्सु के समारोह के छोटे-छोटे पल भी अहम थे। प्रमुख केइसुके यासुदा ने सार्वजनिक रूप से टीम को धन्यवाद दिया और हार्ट को हड्डी के आकार का स्नैक दिया। कुत्ते ने पूंछ हिलाई और आराम से फर्श पर पसर गई। ऐसे पल पुलिस के काम को मानवीय बनाते हैं और लोगों को याद दिलाते हैं कि कई बचाव अभियानों में धैर्य, प्रशिक्षण और अच्छे व्यवहार के लिए साधारण इनाम भी अहम होते हैं।
हार्ट का मामला दिखाता है कि सरकारी आपातकर्मी, आम नागरिक हैंडलर और स्थानीय पड़ोसी मिलकर जिम्मेदारी बांट सकते हैं। पुलिस घटना का संचालन करती है और तलाश को सुरक्षित बनाए रखती है। कुत्तों की टीमें गंध पहचानने की खास क्षमता लेकर आती हैं, जो तलाश में लगने वाले घंटों को कम कर सकती है। स्थानीय निवासी ऐसे शॉर्टकट, नदी किनारों और सीढ़ियों की जानकारी देते हैं जो नक्शे पर नहीं दिखते।
बारिश वाली रात या सर्दियों की उस शाम में, जब तापमान तेज़ी से गिरता है, यही तालमेल फर्क पैदा कर सकता है। जितने अधिक लोग जानते होंगे कि क्या करना है, अगली तलाश उतनी ही सुचारू रूप से आगे बढ़ेगी।
मुख्य बातें
- हार्ट नाम की लैब्राडोर रिट्रीवर ने आधी रात के बाद ओत्सु पुलिस को लापता बुज़ुर्ग महिला तक पहुंचने में मदद की।
- महिला के लापता होने की सूचना 28 जुलाई को रात करीब 8 बजे दी गई थी। उन्हें रात 12:45 बजे शहर की एक सड़क पर पाया गया।
- महिला के तकिए के खोल से लक्ष्य की गंध पहचानने के बाद हार्ट ने रात करीब 11 बजे काम शुरू किया।
- ओत्सु किता पुलिस स्टेशन ने कुत्ते, उसकी मालिक तोमोको तोबिता और उसके प्रशिक्षक तेस्सेई सुगिमोतो को प्रशंसा-पत्र दिए।
- पुलिस प्रमुख केइसुके यासुदा ने जल्दी महिला का पता लगाने के लिए टीम की सराहना की और हार्ट को हड्डी के आकार का स्नैक दिया।
- यह मामला दिखाता है कि प्रशिक्षित कुत्ते रात में लापता बुज़ुर्गों की तलाश तेज़ कर सकते हैं।
- ओत्सु के अधिकारी पहले भी कुत्तों की मदद को सम्मानित कर चुके हैं। इनमें 2022 में फुकुसुके नाम के कुत्ते की अगुवाई में हुआ पर्वतीय बचाव अभियान भी शामिल है।
- परिवार तुरंत 110 पर कॉल करके, गंध वाली चीज़ सुरक्षित रखकर और पुलिस को सही जानकारी देकर तलाश में मदद कर सकते हैं।






