विश्व कप की उम्मीदें बनाए रखने के लिए हर टीम खेलेगी सात मैच, दांव पर चार स्थान
नेपाल 4 दिसंबर 2026 को कीर्तिपुर में इटली के खिलाफ खेलेगा। यह आठ टीमों के टूर्नामेंट का पहला मैच होगा, जिससे ICC पुरुष क्रिकेट विश्व कप क्वालिफायर 2027 के अंतिम चार स्थान तय होंगे। 18 दिनों में होने वाले 28 मैचों में नेपाल, इटली, नामीबिया, युगांडा, कनाडा, कुवैत, जर्सी और संयुक्त अरब अमीरात विश्व कप में जगह बनाने की उम्मीदें कायम रखने के लिए भिड़ेंगे।
विषय-सूची
- विश्व कप की उम्मीदें बनाए रखने के लिए हर टीम खेलेगी सात मैच, दांव पर चार स्थान
- आठों टीमें नेपाल तक कैसे पहुंचीं
- ओमान की मुश्किल से मिली जगह बताती है नामीबिया के सामने क्या चुनौती है
- नेपाल के सभी मैच कीर्तिपुर में होंगे
- दोनों मैदानों पर पूरा कार्यक्रम
- चार सफल टीमों के सामने आगे क्या होगा
- मेजबान होने के बावजूद नामीबिया को विश्व कप के लिए क्वालिफाई क्यों करना होगा
- ICC ने इसे क्रिकेट के व्यापक विकास की कसौटी बताया
- मुख्य बातें
अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद की प्लेऑफ की घोषणा के मुताबिक, मुकाबले 4 से 21 दिसंबर तक त्रिभुवन विश्वविद्यालय क्रिकेट ग्राउंड और अपर मुलपानी क्रिकेट ग्राउंड में खेले जाएंगे। नेपाल का इटली के खिलाफ पहला मैच त्रिभुवन विश्वविद्यालय में होगा, जबकि नामीबिया और युगांडा उसी दिन अपर मुलपानी में अपने अभियान की शुरुआत करेंगे।
हर टीम बाकी सभी टीमों से एक-एक बार खेलेगी। शीर्ष चार टीमें ग्लोबल क्वालिफायर में पहुंचेंगी, जहां उनके साथ आयरलैंड, वेस्ट इंडीज, अमेरिका, स्कॉटलैंड, नीदरलैंड और ओमान होंगे। इस तरह वहां 10 टीमों के बीच मुकाबला होगा। बाकी चार टीमें क्वालिफिकेशन की दौड़ से बाहर हो जाएंगी।
नेपाल के लिए मेजबानी का मतलब परिचित मैदानों पर एक चुनौतीपूर्ण अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट खेलना है। उसके सभी सात मैच त्रिभुवन विश्वविद्यालय क्रिकेट ग्राउंड में तय हैं। पहला मैच इटली से और आखिरी मैच 21 दिसंबर को कुवैत से होगा। नामीबिया के सामने अलग चुनौती है: वह 2027 विश्व कप की सह-मेजबानी करेगा, लेकिन उसकी टीम को पहले क्वालिफाई करना होगा।
इसलिए दिसंबर का टूर्नामेंट अंतिम पड़ाव नहीं, बल्कि आगे बढ़ने का रास्ता है। आधी टीमें आगे जाएंगी, लेकिन चारों सफल टीमों को विश्व कप में जगह पाने के लिए ग्लोबल क्वालिफायर में भी प्रदर्शन करना होगा।
आठों टीमें नेपाल तक कैसे पहुंचीं
नेपाल, नामीबिया, कनाडा और यूएई ICC पुरुष क्रिकेट विश्व कप लीग 2 में निचले चार स्थानों पर रहने के बाद प्लेऑफ में पहुंच रहे हैं। प्रतियोगिता की शीर्ष चार टीमें अमेरिका, स्कॉटलैंड, नीदरलैंड और ओमान सीधे ग्लोबल क्वालिफायर में पहुंच गईं।
इटली, युगांडा, जर्सी और कुवैत क्वालिफिकेशन प्रणाली की एक अन्य शाखा चैलेंज लीग के रास्ते पहुंचे हैं। जर्सी और कुवैत ने ग्रुप A से, जबकि इटली और युगांडा ने ग्रुप B से क्वालिफाई किया। प्लेऑफ में ये चारों टीमें लीग 2 की चार टीमों के साथ एक ही अंक तालिका में मुकाबला करेंगी।
नेपाल क्रिकेट संघ ने 22 अक्टूबर 2026 को काठमांडू को मेजबान घोषित किया था। उस समय चैलेंज लीग ग्रुप A से क्वालिफाई करने वाली दो टीमों के नाम तय नहीं हुए थे। ICC की 4 नवंबर की घोषणा तक जर्सी और कुवैत के साथ मैदान पूरा हो गया।
इस प्रारूप में हर टीम को सात मैच और समान प्रतिद्वंद्वी मिलेंगे। अलग-अलग समूह नहीं हैं और न ही प्लेऑफ का कोई फाइनल तय है। राउंड रॉबिन चरण के बाद टीमों की स्थिति से तय होगा कि कौन आगे जाएगा। इसलिए पूरे टूर्नामेंट के नतीजे अहम होंगे, न कि सिर्फ किसी एक निर्णायक मैच का।
ओमान की मुश्किल से मिली जगह बताती है नामीबिया के सामने क्या चुनौती है
33 अंकों के साथ ओमान के बराबर रहने के बावजूद नामीबिया ग्लोबल क्वालिफायर में सीधे जगह बनाने से चूक गया। बेहतर नेट रन रेट के आधार पर ओमान आगे बढ़ा, जबकि नामीबिया को नेपाल के रास्ते लंबा सफर तय करना होगा।
4 नवंबर 2026 की ICC की ओमान के क्वालिफिकेशन संबंधी विज्ञप्ति में एक असामान्य अंत का जिक्र है: लीग 2 के अपने आखिरी सातों मैच हारने के बावजूद ओमान ने चौथा स्थान हासिल किया। इनमें दुबई के ICC अकादमी मैदान पर यूएई से 42 रन की हार भी शामिल थी।
यूएई ने आठ विकेट पर 226 रन बनाए। कप्तान राहुल चोपड़ा और अदीब उस्मानी ने 47-47 रन बनाए, जबकि बासिल हमीद ने 43 रन जोड़े। ओमान के तीन विकेट 28 रन पर गिर गए, लेकिन मुजीबुर अली के 65 रन की मदद से टीम नौ विकेट पर 184 रन तक पहुंची। ये आंकड़े बनाए गए रन और गंवाए गए विकेट बताते हैं: ओमान लक्ष्य से पीछे रह गया, लेकिन उसका नेट रन रेट बेहतर रहा।
अंकों पर बराबरी होने पर टीमों को अलग करने के लिए नेट रन रेट का इस्तेमाल किया जाता है। सरल शब्दों में, यह तुलना करता है कि कोई टीम कितनी तेजी से रन बनाती है और पूरे टूर्नामेंट में उसके विरोधी कितनी तेजी से रन बनाते हैं। ओमान और नामीबिया के अंक समान थे, लेकिन इस गणना ने ओमान को आगे रखा।
नामीबिया 36 मैचों में 15 जीत, 18 हार और तीन टाई या बेनतीजा मैचों के साथ पांचवें स्थान पर रहा। उसका अगला मौका 4 दिसंबर को युगांडा के खिलाफ शुरू होगा। इसके बाद 6 दिसंबर को इटली और 10 दिसंबर को कुवैत से मुकाबला होगा।
नेपाल के सभी मैच कीर्तिपुर में होंगे
नेपाल के सात मैच पूरे टूर्नामेंट में फैले हैं। युगांडा और यूएई के बीच, तथा कनाडा और नामीबिया के बीच उसके सबसे लंबे अंतराल हैं। आखिरी दो मुकाबले 18 दिसंबर को नामीबिया और 21 दिसंबर को कुवैत के खिलाफ होंगे।
मेजबान टीम पहले ग्रुप B से आए दोनों चैलेंज लीग क्वालिफायर से खेलेगी, फिर यूएई का सामना करेगी और उसके बाद जर्सी, कनाडा तथा नामीबिया से भिड़ेगी। उसका कार्यक्रम इस प्रकार है:
- 4 दिसंबर: नेपाल बनाम इटली, त्रिभुवन विश्वविद्यालय क्रिकेट ग्राउंड।
- 6 दिसंबर: नेपाल बनाम युगांडा, त्रिभुवन विश्वविद्यालय क्रिकेट ग्राउंड।
- 10 दिसंबर: नेपाल बनाम यूएई, त्रिभुवन विश्वविद्यालय क्रिकेट ग्राउंड।
- 12 दिसंबर: नेपाल बनाम जर्सी, त्रिभुवन विश्वविद्यालय क्रिकेट ग्राउंड।
- 14 दिसंबर: नेपाल बनाम कनाडा, त्रिभुवन विश्वविद्यालय क्रिकेट ग्राउंड।
- 18 दिसंबर: नेपाल बनाम नामीबिया, त्रिभुवन विश्वविद्यालय क्रिकेट ग्राउंड।
- 21 दिसंबर: नेपाल बनाम कुवैत, त्रिभुवन विश्वविद्यालय क्रिकेट ग्राउंड।
प्लेऑफ के कारण नेपाल की दूसरी प्रतिबद्धताओं में भी बदलाव हुआ है। भारत A के खिलाफ उसकी प्रस्तावित श्रृंखला 9, 11 और 13 दिसंबर को होनी थी। नेपाल क्रिकेट संघ ने कहा कि वह भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड के साथ समन्वय करके नई तारीखें तय करेगा; हालांकि, संशोधित तारीखों की घोषणा नहीं की गई।
दोनों मैदानों पर पूरा कार्यक्रम
ICC के पुष्ट टूर्नामेंट विवरण के अनुसार, खेलने के 14 दिनों में हर दिन दो मैच होंगे। त्रिभुवन विश्वविद्यालय और अपर मुलपानी में 14-14 मैच खेले जाएंगे। 8, 11, 16 और 19 दिसंबर को कोई मैच तय नहीं है।
नीचे दी गई सूची में हर तारीख का पहला मैच त्रिभुवन विश्वविद्यालय क्रिकेट ग्राउंड और दूसरा अपर मुलपानी क्रिकेट ग्राउंड में होगा:
- 4 दिसंबर: नेपाल बनाम इटली; नामीबिया बनाम युगांडा।
- 5 दिसंबर: यूएई बनाम जर्सी; कुवैत बनाम कनाडा।
- 6 दिसंबर: नेपाल बनाम युगांडा; इटली बनाम नामीबिया।
- 7 दिसंबर: कुवैत बनाम जर्सी; कनाडा बनाम यूएई।
- 9 दिसंबर: कनाडा बनाम इटली; जर्सी बनाम युगांडा।
- 10 दिसंबर: नेपाल बनाम यूएई; कुवैत बनाम नामीबिया।
- 12 दिसंबर: नेपाल बनाम जर्सी; नामीबिया बनाम कनाडा।
- 13 दिसंबर: युगांडा बनाम कुवैत; यूएई बनाम इटली।
- 14 दिसंबर: नेपाल बनाम कनाडा; जर्सी बनाम नामीबिया।
- 15 दिसंबर: युगांडा बनाम इटली; यूएई बनाम कुवैत।
- 17 दिसंबर: इटली बनाम कुवैत; जर्सी बनाम कनाडा।
- 18 दिसंबर: नेपाल बनाम नामीबिया; युगांडा बनाम यूएई।
- 20 दिसंबर: नामीबिया बनाम यूएई; इटली बनाम जर्सी।
- 21 दिसंबर: नेपाल बनाम कुवैत; कनाडा बनाम युगांडा।
इस तरह अंतिम दिन कनाडा और युगांडा के साथ नेपाल और कुवैत भी खेलेंगे। नामीबिया एक दिन पहले यूएई के खिलाफ अपना कार्यक्रम पूरा करेगा। आखिरी दो दिनों का यह कार्यक्रम टीमों के सात-सात मैच अलग-अलग समय पर पूरे कराएगा। अंतिम अंक तालिका 21 दिसंबर को तय होगी।
चार सफल टीमों के सामने आगे क्या होगा
आयरलैंड और वेस्ट इंडीज रैंकिंग के रास्ते पहले ही ग्लोबल क्वालिफायर में पहुंच चुके हैं। ICC के अनुसार, दक्षिण अफ्रीका और जिम्बाब्वे के मेजबान होने के कारण उन्हें छोड़कर, विश्व कप के आठ स्वतः क्वालिफाई करने वाले देशों से बाहर की दो सर्वोच्च रैंक वाली टीमें आयरलैंड और वेस्ट इंडीज हैं।
लीग 2 के जरिए मिली चार जगहों पर अमेरिका, स्कॉटलैंड, नीदरलैंड और ओमान काबिज हैं। दिसंबर में सफल रहने वाली टीमें ग्लोबल क्वालिफायर की बाकी चार जगहें भरेंगी, यानी कुल 10 टीमों में से 40 प्रतिशत।
ग्लोबल क्वालिफायर से विश्व कप के अंतिम चार स्थान तय होंगे, लेकिन ये चार टीमें टूर्नामेंट के अलग-अलग चरणों में प्रवेश करेंगी। ICC के मुताबिक, इसका विजेता सीधे विश्व कप के ग्रुप चरण में पहुंचेगा। दूसरे, तीसरे और चौथे स्थान पर रहने वाली टीमें नवगठित सुपर सीरीज में खेलेंगी।
इसलिए नेपाल में शीर्ष चार में जगह बनाने से टीम का अभियान जारी रहेगा; ग्लोबल क्वालिफायर जीतने पर ग्रुप चरण में सीधे प्रवेश का अतिरिक्त लाभ मिलेगा। ICC की प्लेऑफ घोषणा में बाकी तीन क्वालिफायर के लिए सुपर सीरीज का जिक्र है, लेकिन उसके पूरे खेलने के नियम नहीं दिए गए हैं।
मेजबान होने के बावजूद नामीबिया को विश्व कप के लिए क्वालिफाई क्यों करना होगा
दक्षिण अफ्रीका, जिम्बाब्वे और नामीबिया मिलकर 2 अक्टूबर से 21 नवंबर 2027 तक विश्व कप की मेजबानी करेंगे। ICC के मुताबिक, टूर्नामेंट में 14 टीमें और 12 मैदानों पर 57 मैच होंगे।
पूर्ण सदस्य मेजबान होने के कारण दक्षिण अफ्रीका और जिम्बाब्वे को स्वतः जगह मिली है। नामीबिया एसोसिएट सदस्य है और उसे क्वालिफिकेशन के जरिए जगह हासिल करनी होगी। पूर्ण सदस्य और एसोसिएट सदस्य ICC की सदस्यता श्रेणियां हैं। इस टूर्नामेंट की क्वालिफिकेशन व्यवस्था के तहत मेजबानी से दोनों पूर्ण सदस्यों को स्वतः प्रवेश मिला है, जबकि नामीबिया को प्रतिस्पर्धा के रास्ते आगे बढ़ना होगा।
नामीबिया में विंडहोक में विश्व कप के छह मैच होंगे, जिनमें ग्रुप चरण के तीन और सुपर सीरीज के तीन मैच शामिल हैं। मेजबानी की जिम्मेदारियां निभाते हुए उसके खिलाड़ियों को क्वालिफाई करने के लिए भी खेलना होगा।
नामीबिया की टीम के लिए 2027 टूर्नामेंट में पहुंचने का मतलब 2003 के बाद पहली बार पुरुषों के 50 ओवर विश्व कप में वापसी करना होगा। उस टूर्नामेंट में टीम अपने सभी छह मैच हार गई थी। फिलहाल उसका लक्ष्य सीमित है: नेपाल में शीर्ष चार में जगह बनाना और फिर ग्लोबल क्वालिफायर में विश्व कप का स्थान हासिल करने के लिए मुकाबला करना।
ICC ने इसे क्रिकेट के व्यापक विकास की कसौटी बताया
ICC के इवेंट्स और ऑपरेशंस के महाप्रबंधक गौरव सक्सेना ने प्लेऑफ को आठों टीमों के लिए बड़ा अवसर बताया। उनके बयान में क्वालिफिकेशन के दांव को स्थापित क्रिकेट देशों से परे खेल के विकास से जोड़ा गया।
एसोसिएट क्रिकेट हमारे खेल की निरंतर वृद्धि और वैश्विक विकास के लिए बेहद अहम है। इस तरह की प्रतियोगिताएं टीमों को अपनी प्रतिभा दिखाने, अनुभव हासिल करने और अपना स्तर ऊंचा उठाने के मूल्यवान अवसर देती हैं।
कार्यक्रम में हर टीम को उसी टूर्नामेंट में सात अंतरराष्ट्रीय प्रतिद्वंद्वियों का सामना करना है। चैलेंज लीग से आई टीमों के लिए इसमें लीग 2 की टीमों के खिलाफ चार मैच शामिल हैं। नेपाल, कनाडा, नामीबिया और यूएई को सीधे क्वालिफाई करने से चूकने के बाद एक और मौका मिलेगा।
रास्ते अलग-अलग रहे हैं, लेकिन दांव सभी टीमों के लिए समान हैं। चार टीमें ग्लोबल क्वालिफायर में पहले से इंतजार कर रही छह टीमों से भिड़ने आगे जाएंगी। बाकी चार दिसंबर में अपना अभियान पूरा करेंगी। 4 दिसंबर को इटली के खिलाफ नेपाल का मैच इस छंटनी की शुरुआत करेगा और 21 दिसंबर के आखिरी दो मैच इसे पूरा करेंगे।
मुख्य बातें
- नेपाल 4 से 21 दिसंबर 2026 तक क्वालिफायर प्लेऑफ की मेजबानी करेगा।
- आठ टीमें 28 मैच खेलेंगी और हर टीम बाकी सातों टीमों से एक-एक बार भिड़ेगी।
- शीर्ष चार टीमें 2027 के ग्लोबल क्वालिफायर में पहले से क्वालिफाई कर चुकी छह टीमों के साथ जुड़ेंगी।
- नेपाल का पहला मैच इटली से होगा; उसी दिन नामीबिया का सामना युगांडा से होगा।
- नेपाल के सभी सात मैच त्रिभुवन विश्वविद्यालय क्रिकेट ग्राउंड में खेले जाएंगे।
- 8, 11, 16 और 19 दिसंबर को कोई मैच तय नहीं है।
- विश्व कप के तीन मेजबान देशों में से एक होने के बावजूद नामीबिया को क्वालिफाई करना होगा।
- ग्लोबल क्वालिफायर का विजेता सीधे विश्व कप के ग्रुप चरण में पहुंचेगा; दूसरे, तीसरे और चौथे स्थान वाली टीमें सुपर सीरीज में खेलेंगी।






