रिकॉर्ड पारी से भारत को सीरीज़ में बढ़त
अभिषेक शर्मा ने कथित रिकॉर्ड 1,024 गेंदों में टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों में 2,000 रन पूरे किए और फिर 18 गेंदों में अर्धशतक जड़कर 11 अक्टूबर, 2026 को इंदौर के होलकर स्टेडियम में भारत को वेस्टइंडीज पर 14 रन से जीत दिलाई। उनकी 30 गेंदों में 69 रन की पारी से पांच मैचों की सीरीज़ में भारत 2-1 से आगे हो गया।
विषय-सूची
- रिकॉर्ड पारी से भारत को सीरीज़ में बढ़त
- 2,000 रन तक सबसे तेज़ पहुंचने का असल मतलब
- 18 गेंदों के अर्धशतक से भारतीय रिकॉर्ड बना
- सैमसन जल्दी आउट हुए, लेकिन भारत की रफ्तार नहीं थमी
- बीच के ओवरों में वेस्टइंडीज ने वापसी की
- अंतिम ओवरों में विकेट गिरने से भारत का स्कोर काबू में रहा
- अर्शदीप और नमन ने लक्ष्य का पीछा काबू में रखा
- टीम में बदलाव और पहले के रिकॉर्ड
- ये उपलब्धियां एक-दूसरे से कैसे जुड़ती हैं
- मुख्य बिंदु
26 वर्षीय सलामी बल्लेबाज़ ने सूर्यकुमार यादव का रिकॉर्ड तोड़ा, जिन्होंने दिसंबर 2023 में गकेबरहा में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ 1,164 गेंदों में यह मुकाम हासिल किया था। अभिषेक ने 140 गेंदें कम खेलीं, यानी पिछले रिकॉर्ड से करीब 12% कम। यह रिकॉर्ड खास तौर पर खेली गई गेंदों से जुड़ा है, न कि खेली गई पारियों की संख्या से।
भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड के आधिकारिक मैच स्कोरकार्ड में भारत के 223 रन, वेस्टइंडीज के 209/7 और 14 रन के जीत के अंतर की पुष्टि होती है। अभिषेक की बल्लेबाज़ी के बाद अर्शदीप सिंह ने 3/44 के आंकड़ों के साथ अहम योगदान दिया, जबकि नमन धीर ने लक्ष्य का पीछा करते हुए दो विकेट लिए।
भारत को जीत के लिए सिर्फ तेज़ शुरुआत पर निर्भर नहीं रहना पड़ा। छह ओवर में 87/1 तक पहुंचने के बाद मेज़बान टीम की पारी की रफ्तार बीच के ओवरों में धीमी पड़ गई। इसके बाद गेंदबाज़ों ने वेस्टइंडीज को शुरुआती छह ओवरों में 54/1 पर रोककर बढ़त बनाए रखी, हालांकि शमार स्प्रिंगर ने आखिर में तेज़ रन बनाए।
2,000 रन तक सबसे तेज़ पहुंचने का असल मतलब
अभिषेक ने टी20 अंतरराष्ट्रीय में अपनी 64वीं पारी में यह मुकाम हासिल किया। अभिषेक की उपलब्धि के साथ प्रकाशित सांख्यिकीय विवरण के अनुसार, ऑस्ट्रिया के करनबीर सिंह के नाम 45 पारियों में यह उपलब्धि हासिल करने का अलग रिकॉर्ड है। ये आंकड़े अलग-अलग चीज़ें मापते हैं: पारियों की संख्या बताती है कि किसी खिलाड़ी को कितनी बार बल्लेबाज़ी करनी पड़ी, जबकि खेली गई गेंदों की संख्या बताती है कि उसने कितनी गेंदों का सामना किया।
इसलिए अभिषेक का रिकॉर्ड कम पारियों में मुकाम हासिल करने के बजाय तेज़ रन बनाने को दर्शाता है। बताए गए आंकड़े के मुताबिक, 1,024 गेंदों में 2,000 रन का मतलब है प्रति 100 गेंदों पर करीब 195.3 रन। सूर्यकुमार ने 1,164 गेंदों में 2,000 रन बनाए थे, यानी प्रति 100 गेंदों पर करीब 171.8 रन। ये गणनाएं उस मुकाम तक पहुंचने की गति दिखाती हैं, न कि दोनों खिलाड़ियों का मौजूदा करियर स्ट्राइक रेट।
रिपोर्टों के मुताबिक, अभिषेक 2,000 टी20 अंतरराष्ट्रीय रन बनाने वाले छठे भारतीय बल्लेबाज़ भी हैं। उनकी पारी ने करियर की उपलब्धि को मैच में अहम योगदान के साथ जोड़ा: उन्होंने भारत के 223 रनों में से करीब 31% रन बनाए और पूरी पारी की 120 वैध गेंदों में से केवल 30 का सामना किया।
2,000वां रन किस शॉट से बना, यह पूरी तरह स्पष्ट नहीं है। एक विवरण के मुताबिक, मैच से पहले उन्हें 37 रन चाहिए थे और स्प्रिंगर के खिलाफ लगातार दो चौकों और एक छक्के के दौरान उन्होंने छक्का लगाकर यह आंकड़ा पार किया। एक अन्य विवरण में कहा गया है कि उनका स्कोर 33 पहुंचने पर यह मुकाम हासिल हुआ। दोनों में कुल 1,024 गेंदों का आंकड़ा समान है, लेकिन शुरुआती रन संख्या और रिकॉर्ड पार करने के सटीक क्षण को लेकर अंतर है।
18 गेंदों के अर्धशतक से भारतीय रिकॉर्ड बना
टी20 अंतरराष्ट्रीय में वेस्टइंडीज के खिलाफ किसी भारतीय बल्लेबाज़ का यह सबसे तेज़ अर्धशतक था। अभिषेक ने 18 गेंदों में पचासा पूरा कर विराट कोहली (2019) और इसी सीरीज़ के दूसरे मैच में संजू सैमसन के 21 गेंदों के अर्धशतक को पीछे छोड़ा। रिपोर्टों के अनुसार, यह अभिषेक का 14वां टी20 अंतरराष्ट्रीय अर्धशतक और सीरीज़ का पहला अर्धशतक था।
हालांकि, यह वेस्टइंडीज के खिलाफ किसी भी बल्लेबाज़ के सबसे तेज़ अर्धशतक का रिकॉर्ड नहीं था। क्विंटन डी कॉक ने 2023 में 15 गेंदों में पचासा पूरा किया था। अभिषेक 18 गेंदों के साथ डेविड वॉर्नर और कॉलिन मुनरो की बराबरी पर पहुंचे। कैरेबियाई टीम के खिलाफ इसे संयुक्त रूप से तीसरा सबसे तेज़ अर्धशतक बताया गया।
मापी हुई शुरुआत के बाद अभिषेक ने खास तौर पर तेज़ी दिखाई। एक विवरण के मुताबिक, पहली पांच गेंदों पर उन्होंने एक रन प्रति गेंद की रफ्तार से रन बनाए, फिर अगली 13 गेंदों में अर्धशतक पूरा किया। यानी कुल 18 गेंदों में पचासा बना, 13 गेंदों में नहीं।
मैच के घटनाक्रम के विवरण में उनके अर्धशतक तक पहुंचने के समय चार चौके और चार छक्के दर्ज हैं। इन आठ बाउंड्री शॉट्स से 40 रन आए, यानी अर्धशतक का 80%। अभिषेक ने 30 गेंदों में 69 रन बनाए और उनका स्ट्राइक रेट 230 रहा। दसवें ओवर में स्प्रिंगर ने उनकी पारी समाप्त की।
सैमसन जल्दी आउट हुए, लेकिन भारत की रफ्तार नहीं थमी
सीरीज़ 1-1 से बराबर थी, जब टॉस जीतकर वेस्टइंडीज ने गेंदबाज़ी चुनी। पिछले मैच में 82 रन बनाने वाले सैमसन शमार जोसेफ की गेंद पर तीन रन बनाकर आउट हुए। इसके बावजूद अभिषेक और ईशान किशन ने भारत को आक्रामक शुरुआत दिलाई।
दूसरे विकेट के लिए दोनों ने 108 रन जोड़े, जिसमें किशन ने 18 गेंदों में 37 रन बनाए। रिपोर्टों में उनकी साझेदारी के पहले 50 रन 19 या 20 गेंदों में बनने की बात कही गई है। अंतर मामूली है, लेकिन इससे इस शुरुआती साझेदारी की सटीक रफ्तार दर्ज करने में असंगति दिखती है।
अभिषेक ने रॉस्टन चेज़ के एक ओवर में दो छक्के और एक चौका लगाकर ऑफ साइड में और उसके ऊपर से शॉट खेलने की गुंजाइश बनाई। किशन ने कीमो पॉल को निशाना बनाया और पावरप्ले के छह ओवर पूरे होने तक भारत का स्कोर 87/1 पहुंच गया। पावरप्ले वह शुरुआती चरण है, जिसमें फील्डिंग प्रतिबंधों के चलते बाउंड्री के पास कम क्षेत्ररक्षक तैनात किए जा सकते हैं।
अभिषेक ने अपने 69 में से 50 रन ऑफ साइड पर बनाए। सामान्य बल्लेबाज़ी मुद्रा में यह मैदान का वह आधा हिस्सा है जो बल्लेबाज़ की छाती के सामने होता है। यह उनकी पारी का करीब 72% था। इससे पता चलता है कि ऑफ स्टंप के बाहर की गेंदें भी उन्हें रोकने में भरोसेमंद साबित नहीं हुईं: उन्होंने बार-बार उस दिशा में मिली जगह को रन बनाने के मौके में बदला।
बीच के ओवरों में वेस्टइंडीज ने वापसी की
भारत 115/1 तक पहुंच चुका था, तभी चेज़ ने शुरुआती रफ्तार पर रोक लगाई। उन्होंने किशन को 37 रन पर स्टंप कराया और उसी ओवर में कप्तान श्रेयस अय्यर को एक रन पर आउट किया। इसके बाद स्प्रिंगर ने अभिषेक को चलता किया और भारत 9.5 ओवर में 124/4 पर आ गया। यह दसवें ओवर की पांचवीं गेंद थी।
अभिषेक कैच एंड बोल्ड हुए, यानी स्प्रिंगर ने गेंद फेंकी और खुद ही कैच लिया। विवरणों में इस बात पर सहमति है कि छोटी गेंद पर पुल शॉट ठीक से नहीं लगा और गेंद का ऊपरी किनारा लेकर कैच उठा, हालांकि गेंद की लाइन को लेकर मतभेद है। स्कोरकार्ड की कमेंट्री में गेंद मिडिल और लेग के आसपास बताई गई है, जबकि एक अन्य विवरण में इसे ऑफ स्टंप के बाहर बताया गया है।
बाउंड्री की संख्या में भी अंतर है। ज्यादातर विस्तृत विवरणों में अभिषेक के छह चौके और पांच छक्के बताए गए हैं, जबकि स्कोरकार्ड के एक विस्तृत अंश में चार चौके और पांच छक्के दर्ज हैं। उनके 69 रन, 30 गेंदों का सामना, 18 गेंदों का अर्धशतक और स्प्रिंगर का विकेट लेने की बात सभी विवरणों में एक जैसी है। इस असहमति के चलते पूरी पारी में बाउंड्री से आए रनों का सटीक अनुपात निकालना संभव नहीं है।
भारत का स्कोर 115/1 से 135/5 हो गया और 20 रन के भीतर चार विकेट गिर गए। नमन धीर गुडाकेश मोती की गेंद पर लॉन्ग-ऑफ में कैच हुए। मेज़बान टीम को शुरुआती रन गति बनाए रखने के बजाय पारी को फिर से संभालना पड़ा।
अंतिम ओवरों में विकेट गिरने से भारत का स्कोर काबू में रहा
तिलक वर्मा ने 28 और नितीश कुमार रेड्डी ने 21 रन बनाए, जिससे भारत ने वापसी कर 220 का आंकड़ा पार किया। अक्षर पटेल ने 20 रन जोड़े, लेकिन विकेट गिरने और रन दौड़ने में गलतियों के कारण मेज़बान टीम अपनी मजबूत शुरुआत का पूरा फायदा नहीं उठा सकी।
लेग साइड की ओर गई गेंद पर किनारा लगने के बाद रेड्डी कैच आउट हुए। वर्मा यह मानकर रन आउट हुए कि उनका शॉट बाउंड्री पार चला गया है, जबकि गेंद खेल में थी। बाद में अर्शदीप के साथ गफलत में अक्षर भी रन आउट हो गए। भारत की पूरी टीम 223 रन पर आउट हुई। चेज़, स्प्रिंगर और जोसेफ ने दो-दो विकेट लिए।
अलग-अलग चरणों के स्कोर से पारी में आए बदलाव का पता चलता है: पावरप्ले में भारत ने 87/1, बीच के ओवरों में 87/5 और अंतिम चार ओवरों में 49 रन बनाए। शुरुआती छह ओवरों में रन गति 14.5 प्रति ओवर रही; बाकी 14 ओवरों में 136 रन बने, यानी करीब 9.7 रन प्रति ओवर।
पिच को लेकर रिपोर्टों में अलग-अलग राय है। एक विवरण में कम उछाल के कारण बड़े शॉट लगाना मुश्किल बताया गया है, जबकि दूसरे में छोटे बाउंड्री वाले मैदान को बल्लेबाज़ी के लिए स्वर्ग कहा गया है। पारी की रफ्तार धीमी पड़ने के लिए ये अलग-अलग वजहें पेश करते हैं। स्कोरबोर्ड से इतना स्पष्ट है कि भारत ने रन बनाना जारी रखा, लेकिन विकेट गिरने से शुरुआती रफ्तार कायम नहीं रह सकी।
अर्शदीप और नमन ने लक्ष्य का पीछा काबू में रखा
वेस्टइंडीज को जीत के लिए 224 रन चाहिए थे, यानी शुरुआत में प्रति ओवर 11.2 रन की दरकार थी। अर्शदीप ने कप्तान शाई होप को पांच रन पर आउट किया और भारत के तेज़ गेंदबाज़ों ने पावरप्ले में मेहमान टीम को 54/1 पर रोक दिया। भारत ने अपनी पारी के इसी चरण में 33 रन अधिक बनाए थे।
पांच रन पर जीवनदान पाने वाले शिमरोन हेटमायर ने इस बढ़त को मिटाने की धमकी दी। उन्होंने 26 गेंदों में 43 रन बनाए, लेकिन नमन ने उन्हें छक्का खाने के तुरंत बाद आउट किया। नमन ने 27 गेंदों में 42 रन बनाने वाले कामिल पूरन को भी पवेलियन भेजा और 2/39 के आंकड़े के साथ पारी समाप्त की। अक्षर ने रोवमन पॉवेल को आउट किया, जबकि रेड्डी ने दो ओवर में 1/19 के आंकड़े दर्ज किए।
शेरफेन रदरफोर्ड और क्वेंटिन सैम्पसन ने लक्ष्य का पीछा जारी रखा, लेकिन वेस्टइंडीज को अंतिम चार ओवरों में 65 रन चाहिए थे। इसके लिए प्रति ओवर 16.25 रन बनाने थे, जो पारी की शुरुआत में जरूरी रन गति से काफी अधिक था। अर्शदीप ने 18वें ओवर में कीमो पॉल और रदरफोर्ड को आउट किया। रदरफोर्ड ने 20 गेंदों में 32 रन बनाए।
स्प्रिंगर ने अंतिम ओवर में तीन छक्के और एक चौका लगाया और 11 गेंदों में नाबाद 35 रन बनाए। उनकी तेज़ पारी से हार का अंतर कम हुआ, लेकिन नतीजा नहीं बदला। वेस्टइंडीज ने 209/7 रन बनाए, भारत के स्कोर से 14 रन पीछे और लक्ष्य से 15 रन कम।
रिपोर्टों के मुताबिक, ओस न पड़ने से भारत को लक्ष्य का बचाव करने में मदद मिली, क्योंकि गेंद सूखी रही। अर्शदीप और प्रिंस यादव ने यॉर्कर, यानी बल्लेबाज़ के पैरों के पास डाली जाने वाली गेंदों का इस्तेमाल कर आखिरी ओवरों में साफ़ हिट लगाने से रोका। इस जीत को वेस्टइंडीज के दौरे में छह कोशिशों के बाद पहली बार सफलतापूर्वक लक्ष्य का बचाव बताया गया।
टीम में बदलाव और पहले के रिकॉर्ड
भारत ने शिवम दुबे की जगह रेड्डी और बाएं हाथ के स्पिनर कुलदीप यादव की जगह तेज़ गेंदबाज़ प्रिंस यादव को टीम में लिया। वेस्टइंडीज ने रोमारियो शेफर्ड और अकील होसेन को आराम देकर उनकी जगह क्वेंटिन सैम्पसन और कीमो पॉल को उतारा। भारत के अतिरिक्त तेज़ गेंदबाज़ ने वेस्टइंडीज को पावरप्ले में कम रन पर रोकने और आखिरी ओवरों में नियंत्रण बनाए रखने में योगदान दिया।
अभिषेक की पारी से कैलेंडर वर्ष में उनके छक्कों की कथित संख्या 68 हो गई, जो आईसीसी के पूर्ण सदस्य देशों के खिलाड़ियों में सूर्यकुमार के 2022 के रिकॉर्ड के बराबर है। पूर्ण सदस्य वे क्रिकेट बोर्ड हैं जिन्हें टेस्ट खेलने का दर्जा हासिल है। यह तुलना टी20 अंतरराष्ट्रीय खेलने वाले सभी देशों को शामिल नहीं करती।
यह उपलब्धि 2026 में अभिषेक के दो अन्य कथित रिकॉर्ड के बाद आई। सितंबर में उन्होंने अफगानिस्तान के खिलाफ 30 गेंदों में शतक लगाया और 2017 में इंदौर में श्रीलंका के विरुद्ध रोहित शर्मा के 35 गेंदों के भारतीय रिकॉर्ड को तोड़ा। जुलाई में इंग्लैंड के खिलाफ वह खेली गई गेंदों के हिसाब से 100 टी20 अंतरराष्ट्रीय छक्के लगाने वाले सबसे तेज़ बल्लेबाज़ बने।
छक्कों के रिकॉर्ड के विवरण में इविन लुईस के लिए 789 गेंदों, फिन ऐलन के लिए 871 गेंदों और सूर्यकुमार के लिए 1,007 गेंदों के आंकड़े दिए गए हैं, लेकिन अभिषेक ने कितनी गेंदों का सामना किया, यह नहीं बताया गया। 2,000 रन का उनका नया रिकॉर्ड रिपोर्टों में अधिक सटीक रूप से दर्ज है: स्कोरिंग शॉट को लेकर मतभेद के बावजूद 1,024 गेंदों का आंकड़ा लगातार दिया गया है।
ये उपलब्धियां एक-दूसरे से कैसे जुड़ती हैं
अभिषेक ने जुलाई 2024 में टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण किया। तब से तेज़ रन बनाने के कई अलग-अलग पैमानों पर उनके रिकॉर्ड की रिपोर्ट आई है, हालांकि इंदौर की उपलब्धि को सबसे कम पारियों में 2,000 रन तक पहुंचने के अलग रिकॉर्ड के साथ नहीं मिलाना चाहिए।
- दिसंबर 2023: सूर्यकुमार ने गकेबरहा में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ 1,164 गेंदों में 2,000 टी20 अंतरराष्ट्रीय रन पूरे किए।
- जुलाई 2024: अभिषेक ने भारत के लिए टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण किया।
- जुलाई 2026: अभिषेक ने इंग्लैंड के खिलाफ 100 टी20 अंतरराष्ट्रीय छक्के पूरे करने का कथित गेंद-सामना रिकॉर्ड बनाया।
- सितंबर 2026: अफगानिस्तान के खिलाफ उनका 30 गेंदों का शतक नया भारतीय टी20 अंतरराष्ट्रीय रिकॉर्ड बना।
- 11 अक्टूबर, 2026: उन्होंने 1,024 गेंदों में 2,000 रन पूरे किए और इंदौर में भारत की जीत में 69 रन बनाए।
पांच मैचों की सीरीज़ में भारत अब 2-1 से आगे है और दो मैच बाकी हैं। उन मुकाबलों की तारीखें और मैदान यहां नहीं बताए गए हैं। फिलहाल नतीजा साफ़ है: अभिषेक की सलामी पारी भारत के बाद के विकेट गिरने के बावजूद निर्णायक साबित हुई और गेंदबाज़ों ने 223 रन के स्कोर को जीत में बदल दिया।
कुछ सांख्यिकीय विवरणों की पुष्टि अभी बाकी है, खासकर अभिषेक ने 33 रन पर 2,000 पूरे किए या उन्हें 37 रन चाहिए थे, साझेदारी ने 19 या 20 गेंदों में 50 रन पूरे किए और अभिषेक के चौकों की संख्या चार थी या छह। इन मतभेदों से 30 गेंदों में उनके 69 रन, 18 गेंदों का अर्धशतक या भारत की 14 रन की जीत नहीं बदलती।
मुख्य बिंदु
- अभिषेक ने कथित रिकॉर्ड 1,024 गेंदों में 2,000 टी20 अंतरराष्ट्रीय रन पूरे किए, जो सूर्यकुमार यादव से 140 गेंदें कम थीं।
- टी20 अंतरराष्ट्रीय में वेस्टइंडीज के खिलाफ किसी भारतीय का उनका 18 गेंदों का अर्धशतक सबसे तेज़ था।
- उन्होंने 30 गेंदों में 69 रन बनाए और ईशान किशन के साथ 108 रन की साझेदारी की।
- भारत ने 11 अक्टूबर, 2026 को इंदौर में 223 रन बनाए और वेस्टइंडीज को 209/7 पर रोक दिया।
- अर्शदीप ने 3/44 और नमन ने 2/39 के आंकड़े दर्ज किए, जिससे भारत ने सीरीज़ में 2-1 की बढ़त हासिल की।
- रिपोर्टों में रिकॉर्ड बनाने वाले सटीक रन, साझेदारी के समय और अभिषेक के चौकों की संख्या को लेकर मतभेद हैं।






